
यमन के हूती विद्रोहियों ने सोमवार को सऊदी अरब के तीन शहरों को बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन से निशाना बनाया। सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन के मुताबिक, हमलों में 13 नागरिक घायल हुए हैं। घायलों को मामूली से मध्यम स्तर की चोटें आई हैं। हमलों में सात आवासीय मकानों और दो वाहनों को भी नुकसान पहुंचा है।
खमीस मुशैत, अबहा और ताइफ में हमले
गठबंधन के प्रवक्ता मेजर जनरल तुर्की अल-मलिकी ने बताया कि हमले खमीस मुशैत, अबहा और ताइफ में नागरिक इलाकों को निशाना बनाकर किए गए। इसके बाद सऊदी अरब के कई शहरों में सुरक्षा अलर्ट जारी किए गए और लोगों से सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील की गई।
सऊदी नागरिक सुरक्षा विभाग ने अबहा, जेद्दा, ताइफ, जाजान, यानबू और अलउला समेत कई इलाकों में संभावित खतरे को लेकर चेतावनी जारी की थी। बाद में अधिकारियों ने बताया कि खतरा टल गया है।
किंग खालिद एयर बेस पर हमले का हूतियों का दावा
हूती सैन्य प्रवक्ता याह्या सरी ने दावा किया कि संगठन ने खमीस मुशैत स्थित किंग खालिद एयर बेस को भी बड़े पैमाने पर मिसाइलों और ड्रोन से निशाना बनाया। हूतियों ने दावा किया कि हमले में सैन्य ठिकाने के विभिन्न हिस्सों को निशाना बनाया गया।
हालांकि, सऊदी अधिकारियों ने एयर बेस को हुए नुकसान के संबंध में हूतियों के दावे की पुष्टि नहीं की है। इसलिए इन दावों को फिलहाल हूती पक्ष के बयान के तौर पर ही देखा जा रहा है।
सऊदी अरब ने दी जवाबी कार्रवाई की चेतावनी
हमलों के बाद सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन ने कहा कि वह देश की संप्रभुता और नागरिकों की सुरक्षा के लिए आवश्यक कार्रवाई करेगा। गठबंधन ने हमलों का जवाब मजबूती से देने की बात कही है। दूसरी ओर, हूती प्रवक्ता ने इन हमलों को यमन में सऊदी हवाई हमलों की प्रतिक्रिया बताया है।
हाल के दिनों में सऊदी अरब और हूतियों के बीच तनाव बढ़ा है। इससे लाल सागर और आसपास के समुद्री मार्गों की सुरक्षा को लेकर भी चिंता बढ़ी है। क्षेत्र में जारी सैन्य तनाव का असर ऊर्जा आपूर्ति और अंतरराष्ट्रीय व्यापार पर पड़ने की आशंका के बीच वैश्विक बाजार भी घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं।











