
देश में महंगाई के मोर्चे पर एक और बड़ा झटका लगा है। LPG के बाद अब पेट्रोल और डीजल की कीमतों में तेज बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। शेल इंडिया ने 1 अप्रैल से ईंधन के दाम बढ़ा दिए हैं, जबकि नायरा एनर्जी भी पहले ही कीमतों में इजाफा कर चुकी है।
बेंगलुरु में पेट्रोल की कीमत में 7.41 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई है। इसके बाद सामान्य पेट्रोल 119.85 रुपये और प्रीमियम पेट्रोल 129.85 रुपये प्रति लीटर तक पहुंच गया है। अलग-अलग राज्यों में टैक्स के कारण कीमतों में थोड़ा अंतर हो सकता है, लेकिन इसका असर सीधे आम लोगों की जेब पर पड़ रहा है। डीजल के दाम में तो और भी बड़ा उछाल देखने को मिला है। एक झटके में 25.01 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी के बाद सामान्य डीजल 123.52 रुपये और प्रीमियम डीजल 133.52 रुपये प्रति लीटर हो गया है। माना जा रहा है कि अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में यही हालात बने रहे तो डीजल की कीमतें आगे और बढ़ सकती हैं।
कीमतों में इस बढ़ोतरी की सबसे बड़ी वजह मिडिल ईस्ट में बढ़ता तनाव बताया जा रहा है। होर्मुज जलडमरूमध्य के जरिए भारत में कच्चे तेल की सप्लाई होती है, लेकिन ईरान को लेकर बढ़ते संघर्ष ने इस सप्लाई पर अनिश्चितता बढ़ा दी है। इससे ग्लोबल ऑयल मार्केट में कच्चे तेल की कीमतें तेजी से ऊपर गई हैं। बताया जा रहा है कि हाल के हफ्तों में ब्रेंट क्रूड की कीमतों में करीब 60 प्रतिशत तक उछाल आया है। इसका सीधा असर भारत जैसे देशों पर पड़ता है, जो अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात करते हैं। प्राइवेट कंपनियों पर दबाव इसलिए ज्यादा है क्योंकि सरकारी तेल कंपनियों ने अभी तक खुदरा कीमतों में बड़ा बदलाव नहीं किया है।
फिलहाल हालात यही संकेत दे रहे हैं कि अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें ऊंची बनी रहीं, तो आने वाले दिनों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में और बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।













