17.6 C
New York
Saturday, January 17, 2026
spot_imgspot_imgspot_imgspot_img
Home news रिलायंस जियो ने उत्तराखंड में 16500 से अधिक गांवों को डिजिटल सर्विस...

रिलायंस जियो ने उत्तराखंड में 16500 से अधिक गांवों को डिजिटल सर्विस से जोड़ा

52

डिजिटल समावेशन को बढ़ाने और डिजिटल विभाजन को पाटने के अपने निरंतर प्रयास में, रिलायंस जियो (जियो) ने उत्तराखंड के सबसे दूरस्थ हिस्सों में भी डेटा नेटवर्क कनेक्टिविटी का विस्तार किया है। सभी क्षेत्रों में विश्व स्तरीय डेटा सेवाएं देने की अपनी प्रतिबद्धता के अनुरूप, जियो राज्य के उन क्षेत्रों में नेटवर्क स्थापित करने में सफल रहा है, जहां पहले आधुनिक संचार के बुनियादी ढांचे की कमी थी।

पर्यावरणीय और भौगोलिक बाधाओं के बावजूद, जियो ने प्रदेश के 16500 से अधिक गांवों तक अपने नेटवर्क की पहुँच बना दी है। इन गांवों में बड़ी संख्या में ऐसे गांव हैं जहां केवल जियो का 4G/5G नेटवर्क उपलब्ध है। जियो अपने विश्वसनीय डेटा नेटवर्क की शुरूआत से इन क्षेत्रों में एक परिवर्तनकारी बदलाव लाया है, जिससे सामाजिक-आर्थिक विकास का मार्ग प्रशस्त हुआ है।

राज्य के पिथौरागढ़, चमोली, चम्पावत, उत्तरकाशी जिलों के सीमावर्ती और सुदूर इलाकों में फैले कई प्रमुख गांव जैसे मटियानी, कतियानी, रौंग कोंग, जिप्ती, कुटी, नामिक, बौलिंग, नागलिंग, निनोरी अब जियो की 4G/5G डेटा कनेक्टिविटी का लाभ उठा रहे हैं। यह सभी गांव अब डिजिटल क्रांति की मुख्य धारा से जुड़ चुके हैं।

सीमावर्ती गांवों में भी पहुंचाई कनेक्टिविटी 

जियो केवल शहरों व कस्बों तक ही सीमीत नहीं है। इसका उद्देश्य अपने हाई-स्पीड डेटा नेटवर्क को वंचित समुदायों तक पहुंचाना है। इस महत्वाकांक्षी मिशन का उद्देश्य सबसे अलग-थलग समुदायों को भी जोड़ना है, जिससे सभी की पहुंच डिजिटल दुनिया तक हो। इसी क्रम में आज जियो ने तिब्बत-नेपाल सीमा के पास स्तिथ एक बहुत ही छोटे से लेकिन महत्वपूर्ण, गुंजी गांव में अपना नेटवर्क लाइव कर दिया है। यह गांव कैलास-मानसरोवर के पारंपरिक भारतीय मार्ग पर भी है।

जियो नेटवर्क से जुड़े गांवों में कई लोग पहली बार डिजिटल कनेक्टिविटी का लाभ उठा रहे हैं। डेटा कनेक्टिविटी ने शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं और ऑनलाइन सेवाओं तक पहुँच को आसान बनाया है और आर्थिक अवसरों का भी विस्तार किया है। राज्य और यहाँ तक कि देश भर में रिश्तेदारों के साथ संवाद करने की सुविधा ने लोगों के लिए जुड़े रहने और जानकारी साझा करने के नए रास्ते खोले हैं।