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Friday, January 16, 2026
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झारखंड में राज्य सभा की दो सीटों के लिए झामुमो, भाजपा और कांग्रेस का एक-एक उम्मीदवार मैदान में

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झारखंड में राज्यसभा की दो सीटों के लिए 26 मार्च को होने वाले द्विवार्षिक चुनावों में झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के शिबू सोरेन, भाजपा के दीपक प्रकाश और कांग्रेस के शहजादा अनवर समेत कुल तीन उम्मीदवार मैदान में डटे हुए हैं। झारखंड विधानसभा सचिवालय ने बताया किइन चुनावों के लिए बुधवार को नामांकन वापसी के अंतिम दिन तक किसी भी उम्मीदवार ने अपना पर्चा वापस नहीं लिया अतः दो सीटों पर उम्मीदवारों की संख्या तीन है। राज्य में राज्यसभा की दो सीटों के लिए चुनाव होने हैं जिनमें से एक सीट के लिए झामुमो ने अपने अध्यक्ष शिबू सोरेन को प्रत्याशी बनाया है जबकि भाजपा ने अपने प्रदेश अध्यक्ष दीपक प्रकाश को और कांग्रेस ने रामगढ़ के जिलाध्यक्ष शहजादा अनवर को अपना उम्मीदवार बनाया है।

यह दोनों सीटें निर्दलीय परिमल नाथवाणी और राजद के प्रेमचंद्र गुप्ता का कार्यकाल नौ अप्रैल को पूरा होने से रिक्त हो रही हैं। झारखंड की 81 सदस्यीय विधानसभा में झामुमो के 29, भाजपा के बाबूलाल मरांडी के साथ कुल 26, कांग्रेस के 16, झामुमो से निष्कासि दो, आज्सू के दो, राजद का एक, भाकपा माले (लिबरेशन) का एक, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी का एक और दो निर्दलीय विधायक हैं। अब राज्य की दो राज्यसभा सीटों के लिए 26 मार्च को चुनाव होना तय हो गया है। इन चुनावों में झामुमो के मुखिया शिबू सोरेन का राज्यसभा में पहुंचना लगभग तय है क्योंकि झामुमो के वर्तमान विधानसभा में अपने ही 29 विधायक हैं। इसी प्रकार आज्सू के समर्थन के साथ अब भाजपा के दीपक प्रकाश का भी राज्यसभा में पहुंचना तय माना जा रहा है

क्योंकि अब विधानसभा में उन्हें भाजपा के 26 विधायकों के साथ आज्सू के दो विधायकों का भी समर्थन प्राप्त हो गया है जिसे मिलाकर उन्हें अब कम से कम 28 विधायकों का समर्थन हासिल है। इसके अलावा उन्हें निर्दलीय अमित यादव ने भी अपना समर्थन देने की घोषणा की है। दूसरी ओर भाजपा प्रत्याशी दीपक प्रकाश ने दावा किया है कि भाजपा के विद्रोही निर्दलीय विधायक सरयू राय का भी उन्हें समर्थन हासिल होगा वर्तमान में 81 सदस्यीय झारखंड विधानसभा में राज्यसभा चुनाव जीतने के लिए 27 विधायकों के समर्थन की आवश्यकता होगी। ऐसे में क्रॉस वोटिंग न होने पर कांग्रेस प्रत्याशी को इन चुनावों में 23 से अधिक विधायकों के मत मिलने की संभावना नहीं है।