
राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद NCERT की राजनीति विज्ञान की पाठ्यपुस्तकों में न्यायपालिका को लेकर लिखे गए कुछ अंशों पर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। सूत्रों के मुताबिक, कक्षा 11 और 12 की किताबों में शामिल उस हिस्से को हटाने या संशोधित करने पर विचार किया जा रहा है, जिसमें न्यायपालिका के भीतर भ्रष्टाचार और अदालतों की कार्यप्रणाली में खामियों का जिक्र किया गया है। मामला तब और तूल पकड़ गया, जब भारत के मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ ने इन अंशों पर आपत्ति दर्ज कराई।
NCERT की किताबों में न्यायपालिका की कार्यप्रणाली पर टिप्पणी करते हुए यह उल्लेख किया गया था कि निचली अदालतों से लेकर उच्च स्तर तक भ्रष्टाचार की शिकायतें सामने आती रही हैं। इसके अलावा, न्यायिक फैसलों में होने वाली अत्यधिक देरी और सिस्टम की कथित अक्षम कार्यप्रणाली को लेकर भी आलोचनात्मक पैराग्राफ शामिल किए गए थे। शिक्षा मंत्रालय और NCERT से जुड़े विशेषज्ञों का मानना है कि स्कूली स्तर के छात्रों के लिए यह सामग्री असंतुलित है और इससे संवैधानिक संस्थाओं को लेकर नकारात्मक धारणा बन सकती है।
मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ ने इस मुद्दे पर चिंता जताते हुए कहा कि शिक्षा का उद्देश्य छात्रों को लोकतंत्र के स्तंभों की मजबूती और उनके महत्व को समझाना होना चाहिए। न्यायपालिका जैसी संवैधानिक संस्था के केवल नकारात्मक पहलुओं को उजागर करना उचित नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि कमियों का उल्लेख किया जाता है, तो उसे न्यायपालिका द्वारा किए गए सुधारों, ऐतिहासिक फैसलों और उसकी संवैधानिक भूमिका के साथ संतुलित किया जाना चाहिए। CJI के अनुसार, स्कूली छात्रों को पहले न्यायपालिका की शक्तियों, अधिकारों और लोकतंत्र में उसकी भूमिका के बारे में पढ़ाया जाना चाहिए, न कि सीधे उसकी आंतरिक समस्याओं पर केंद्रित सामग्री दी जाए।
विवाद के बीच NCERT ने अपनी सफाई देते हुए कहा है कि पाठ्यक्रम में बदलाव राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत किए जा रहे हैं। परिषद के अनुसार, किताबों का युक्तिकरण इस उद्देश्य से किया जा रहा है ताकि छात्रों पर अनावश्यक बोझ कम हो और पाठ्यक्रम अधिक समकालीन बनाया जा सके। इस मामले पर अंतिम फैसला शिक्षाविदों और न्यायविदों की एक उच्च-स्तरीय समिति की रिपोर्ट के आधार पर लिया जाएगा। संभावना जताई जा रही है कि 2026-27 के शैक्षणिक सत्र से लागू होने वाली नई किताबों में इन विवादित अंशों को संशोधित या हटाया जा सकता है।













